Monday, 28 March 2011

सरहद के उस पार

सरहद के उस पार    
देखना है के हमारे प्रधान मंत्री मनमोहन सिंह ने पाकिस्तान को  क्रिकेट के बहाने फिर से  अपनी हठधर्मिता छोड़ने का मोका दिया है .माझी में झाँका जाये तो भारत के प्रति पाक की निअत साफ नही रही .जब जब दोस्ती का हाथ बढ़ा वो बगल में छुरी दबाकर ही मिला .आज़ादी के बाद की कारगिल तक की जंगें और हमारी संसद पे हमला फिर मुंबई पर हमला ये सब हमारे अमन पैगाम के बाद हमे मिला है .लेकिन अब वक्त है के इस सब के बावजूद भारत की इस पहल को हल्के से न ले .दोनों तरफ के अवं के जज्बातों का एहतराम करे 
तो आयिए गिलानी जी मिलते है मोहाली में 
सरहद के इस पार 

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